साल 2012 में उसने अपराध की दुनिया में कदम रखा. उसने साल 2012 में स्कूल में घुस कर 11वीं के एक छात्र की हत्या की थी, जिसके बाद उसे 6 साल की जेल की सजा हुई. जेल से ही उसकी दोस्ती हासिम बाबा और उसके करीबी सहयोगी आशीष उर्फ कालू (अपराध रिकॉर्ड वाला बर्खास्त कांस्टेबल) से हुई और उनके गिरोह में शामिल हो गया.
from देश News in Hindi, देश Latest News, देश News https://ift.tt/vZIafPk
via
from देश News in Hindi, देश Latest News, देश News https://ift.tt/vZIafPk
via
Comments
Post a Comment